कानपुर :रामगंगा नहर के ओवरफ्लो होने से बर्बाद हुई एक हजार बीघा फसल

 


जिले के सचेंडी इलाके से गुजरने वाली रामगंगा नहर गुरुवार को ओवरफ्लो हो गई। ओवरफ्लो नहर के चलते इलाके में कटान हो गया और करीब एक हजार बीघा फसल में पानी भर गया। पानी के खेतों में भरने से खड़ी फसल बर्बार हो गई। कटान की जानकारी पर सिंचाई विभाग के अफसर पहुंचे और बंधा बनाकर खेतों में पानी जाने से रुकवाया।



सचेंडी क्षेत्र में स्थित इलाहाबाद शाखा की राम गंगा नहर है। यहां किसान नगर से बिधनू मार्ग के पास से गुजरने वाली नहर के ऊपर से रेलवे विभाग का ओवरब्रिज का निर्माण कार्य चल रहा है। निर्माण कार्य के चलते नहर में कई जगहों पर दरारें आने के साथ ही जर्जर हो गई है। नहर में दरारें आने के चलते बुधवार की देर रात अचानक नहर बहाव के चलते ओवरफ्लो हो गई। जिससे सचेंडी और बिनौर गांव के बीच करीब एक हजार बीघा फसलों के खेतों में पानी जा भरा। खेतों के जलमग्न होने से सैकड़ों किसानों की गेहूं और सब्जियों की फसल बर्बाद हो गई। गुरुवार को खेतों में पानी भरने की जानकारी मिलते ही किसान परिवार के साथ पहुंचे और फसल बर्बाद देख बिलख पड़े। किसान पप्पू और अमित कुशवाहा ने आरोप लगाया कि रेलवे और सिंचाईं विभाग के अधिकारियों की लापरवाही से नहर कई जगह जर्जर हो गई है। जिसको लेकर ग्रामीणों ने मरम्मत कराए जाने की बात कही थी, लेकिन उनकी लापरवाही के चलते फसल चौपट हो गई। नहर के ओवरफ्लो व फसल खराब होने की सूचना मिलते ही सिचाईं विभाग कानपुर देहात के माती नहर खण्ड के एक्सईएन ओमप्रकाश मौर्य पहुंचे। उन्होंने बताया कि किसान नगर के पास रेलवे ब्रिज बनवा रहा है। नीचे नहर में थोड़ी कटान से पानी ओवरफ्लो हुआ था। कर्मचारी भेजकर बंधा लगवाकर पानी खेतों में जाने से रुकवाया जा रहा है। वहीं किसान फसल बर्बाद होने पर मुआवजा दिए जाने की मांग कर रहे हैं।